मार्क कुकुरेला सिर्फ बातें नहीं करते। 🇪🇸
यूरो फाइनल से पहले, स्पेनिश फुल-बैक ने कसम खाई थी कि अगर स्पेन चैंपियन बनता है, तो वह उस पल को हमेशा के लिए अपनी त्वचा पर टैटू के रूप में धारण करेंगे। यह किसी इंटरव्यू में यूँ ही कही गई बात नहीं थी: यह एक वादा था जिसे उन्होंने अक्षरशः निभाया।

वह टैटू कलाकार की कुर्सी पर बैठे और उन्होंने कप के साथ लुइस दे ला फुएंते का चेहरा टैटू करवाया, वही ट्रॉफी जिसे स्पेन ने उनके नेतृत्व में उठाया था। उस व्यक्ति को सीधी श्रद्धांजलि, जिसने उन्हें शिखर तक पहुँचाया, अब स्थायी स्याही में बदल गई है। 🏆✍️
इतने सारे फुटबॉलरों के बीच जो ऐसे वादे करते हैं जिन्हें वे कभी पूरा नहीं करते, कुकुरेला ने अपने शब्द से सचमुच चिह्नित होना चुना।
