एक महिला एम्स्टर्डम में शांति से चल रही है, हाथ में एक पट्टा… जो उसके साथी की गर्दन से बंधा है। इस वीडियो ने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया और लोगों को दो हिस्सों में बांट दिया। 😏
कुछ लोग इसका बचाव करते हैं: “यह उनके बीच की बात है, यह सहमति से है, समस्या क्या है?” दूसरे सीधे मुद्दे पर आते हैं: “मैं उनके घर में वे जो करते हैं उसका सम्मान करता/करती हूँ, लेकिन सार्वजनिक जगह इसके लिए नहीं है।”
🇳🇱 एम्स्टर्डम में बस एक और दिन 🤣
— Mario Nawfal (@MarioNawfal) 23 जून, 2026
लेखक: Ianhttps://t.co/4LCBBa1kFc
व्यक्तिगत स्वतंत्रता कहाँ समाप्त होती है और उस जगह को साझा करने वालों के प्रति सम्मान कहाँ से शुरू होता है? 👇
